Category: Life Philosophy & Mahabharat Wisdom
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महाभारत: आज के जीवन का आईना
महाभारत: आज के जीवन का आईना महाभारत की घटनाएँ लगभग चार–पाँच हजार वर्ष पहले हुई थीं। इतने लंबे समय में समाज बहुत बदल गया है, परिस्थितियाँ भी बदल गई हैं।…
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समझने की तीन दृष्टियाँ
यदि हम सही तरह से न समझें, तो इतना पढ़ना-लिखना और मेहनत करना व्यर्थ भी जा सकता है। किसी भी चीज़ को समझने के तीन मुख्य तरीके होते हैं: 1…
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महाभारत का वास्तविक उद्देश्य
महाभारत और पुराणों को लिखने वालों का मकसद सिर्फ सही-सही इतिहास बताना नहीं था। उनका असली उद्देश्य लोगों को सही रास्ता (धर्म) दिखाना और गलत रास्ते (अधर्म) से दूर रखना…
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महाभारत और पुराणों की समझ
अधिकांश विद्वानों का मानना है कि पुराणों का अंतिम रूप गुप्त काल (लगभग छठी सदी) में तैयार हुआ। समय के साथ इनमें नई-नई कहानियाँ और प्रसंग जोड़े जाते रहे, लेकिन…